गरियाबंद में उपाध्यक्ष चुनाव की हलचल, कांग्रेस की किलेबंदी
भाजपा में उथल-पुथल,कांग्रेस पर्यवेक्षक पूर्व विद्यायक गुरमुख सिंह होरा ने ली बैठक,10 मार्च को उपाध्यक्ष पद का चुनाव, सियासी समीकरण बदलने की तैयारी
गरियाबंद (गंगा प्रकाश)। नगरी निकाय चुनाव के तहत नगर पालिका में अध्यक्ष व पार्षदों के निर्वाचन के बाद अब उपाध्यक्ष पद का चुनाव होना है। इस चुनाव को लेकर भाजपा और कांग्रेस दोनों दलों में सरगर्मियां तेज हो गई हैं। आगामी 10 मार्च को शपथ ग्रहण और उपाध्यक्ष पद का चुनाव निर्धारित है, जिससे भाजपा में अधिक हलचल देखी जा रही है।
आपको बता दे नगरीय निकाय चुनाव में जहाँ 15 सीटो में भाजपा ९ सीट पर चुनाव जीती है 4 पर कांग्रेस और 2 पर निर्दिलीय प्रत्याशियों ने चुनाव जीता है
उपाध्यक्ष चुनाव की रणनीति को लेकर कांग्रेस पार्टी ने अपने पर्यवेक्षक नियुक्त किए हैं। इसी कड़ी में कांग्रेस के पर्यवेक्षक एवं कुरूद-धमतरी के पूर्व विधायक गुरमुख सिंह होरा गरियाबंद पहुंचे। कांग्रेस भवन में उन्होंने पार्षदों और स्थानीय कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ बैठक कर चुनावी रणनीति पर चर्चा की। बैठक में स्थानीय कार्यकर्ताओं ने नगर पालिका में पार्टी की स्थिति, पार्षदों की संख्या और संगठनात्मक समीकरणों की जानकारी दी।
श्री होरा ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं को एकजुट रहने और विषम परिस्थितियों में सामूहिक रूप से कार्य करने की सलाह दी। इस मौके पर कांग्रेस अध्यक्ष प्रेम सोनवानी, सन्नी मेमन, छगन यादव, पार्षद मुकेश पाण्डेय, मुकेश रामटेके, राजेश साहू समेत कई कार्यकर्ता मौजूद रहे। कांग्रेस भवन पहुंचने पर कार्यकर्ताओं ने पर्यवेक्षक श्री होरा का आत्मीय स्वागत किया।
नगर पालिका उपाध्यक्ष पद के लिए कांग्रेस और भाजपा दोनों ही अपनी रणनीति बनाने में जुटी हुई हैं। ऐसे में 10 मार्च को होने वाला चुनाव राजनीतिक दृष्टिकोण से काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
There is no ads to display, Please add some


