रायपुर: प्रदेश की राजधानी के ही सरकारी स्कूल में नन्हे बच्चे जान जोखिम में डाल कर पढ़ने मजबूर हैं। उपर छत से गिरते प्लास्टर के टुकड़े और नीचे घुटने तक पानी भरे कमरों में पांच से छह घंटे बैठना पड़ रहा है। इससे बच्चे बिमार भी हो रहें।
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विभागीय सचिव ने मई में सभी डीईओ, बीईओ को आदेश देकर नए सत्र से पहले आवश्यक मरम्मत कार्य पूरा करने कहा था। लेकिन राजधानी में ही संबंधितों की लापरवाही सामने आई है। शासकीय शासकीय प्राथमिक अंग्रेजी मीडियम शांति नगर के छात्र जर्जर कमरों में पढ़ रहे हैं। एक कमरे की छत से दो दर्जन से अधिक जगहों से प्लास्टर उखड़ कर नीचे गिर चुका है
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गनीमत है कि किसी बच्चे को गंभीर चोटें नहीं आई। स्कूल में बच्चों का बैठना मुश्किल हो गया है। घबराए बच्चे स्कूल नहीं जा रहे। गुरुवार को सुबह बच्चे और उनके माता पिता इस दूर्दशा को बताने वित्त मंत्री ओपी चौधरी के बंगले पहुंचे। चौधरी के न होने से मुलाकात चर्चा नहीं हो पाई। इन अभिभावकों ने बताया कि पिछले दिनों इसकी जानकारी विधायक पुरंदर मिश्रा को भी दी गई थी। लेकिन उनकी तरफ से कोई पहल नहीं हुई। इसके बाद ही सभी आज आक्रोश में परिजन चौधरी के बंगले पहुंचे।
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