चार दिन से चल रहा था पारिवारिक विवाद, समझौते की उम्मीद भी टूटी, सुबह घर में मिलीं तीन लाशें
सत्येन्द्र बंजारे
जांजगीर-चांपा (गंगा प्रकाश)। नैला चौकी क्षेत्र के बिरकोनी गांव से सामने आई एक हृदयविदारक घटना ने पूरे जिले को झकझोर कर रख दिया है। पारिवारिक विवाद की आग में एक पूरा परिवार तबाह हो गया। पत्नी के मायके जाने के बाद घर में जो हुआ, उसने हर किसी की आंखें नम कर दीं। पिता और उसके दो मासूम बेटों की मौत की खबर फैलते ही पूरे गांव में मातम पसर गया।
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जानकारी के अनुसार रमेश कुमार पटेल (35 वर्ष) का अपनी पत्नी से करीब चार दिन पहले विवाद हुआ था। विवाद के बाद पत्नी अपनी बेटी को लेकर मायके चली गई थी। परिजनों और रिश्तेदारों को उम्मीद थी कि मामला जल्द सुलझ जाएगा और परिवार फिर से सामान्य हो जाएगा। इसी बीच मंगलवार को पत्नी वापस घर लौटी, लेकिन दोनों के बीच एक बार फिर विवाद हो गया। झगड़े के बाद पत्नी दोबारा मायके चली गई।किसी ने कल्पना भी नहीं की थी कि यह विवाद इतनी बड़ी त्रासदी में बदल जाएगा।

बुधवार सुबह गांव के लोगों को जब घटना की जानकारी मिली तो हर कोई स्तब्ध रह गया। घर के भीतर रमेश कुमार पटेल के साथ उसके मासूम बेटे आदर्श पटेल (3 वर्ष) और अभिनव पटेल (2 वर्ष) मृत अवस्था में मिले। जिन नन्हे हाथों में खिलौने होने चाहिए थे, वे हमेशा के लिए शांत हो चुके थे।प्रारंभिक जांच में आशंका जताई जा रही है कि पिता ने पहले दोनों बच्चों को जहर दिया और बाद में स्वयं भी जहर सेवन कर लिया।
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सूचना मिलते ही नैला पुलिस, फॉरेंसिक टीम और वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। घटनास्थल से जहर की पुड़िया भी बरामद की गई है। पुलिस ने तीनों शवों का पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।बिरकोनी गांव में इस घटना के बाद गहरा शोक है। हर किसी की जुबान पर बस एक ही सवाल है—आखिर उन मासूम बच्चों का क्या कसूर था, जिन्हें दुनिया को ठीक से देखने का भी मौका नहीं मिला।
एक पारिवारिक विवाद ने एक मां से उसका सुहाग और दो बेटे छीन लिए, वहीं गांव से तीन जिंदगियां हमेशा के लिए छीन लीं। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है और सभी पहलुओं को खंगाला जा रहा है





