अंबिकापुर। गणतंत्र दिवस के अवसर पर अंबिकापुर पहुंचे छत्तीसगढ़ के गृहमंत्री विजय शर्मा ने नक्सलवाद को लेकर बड़ा और कड़ा बयान दिया है।
उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि लोकतंत्र में हिंसा और आतंक के लिए कोई स्थान नहीं है। जो लोग सड़क, पुल-पुलिया और नदियों के किनारे बम प्लांट करते हैं, शिक्षा दूतों की हत्या करते हैं और विकास कार्यों को नुकसान पहुंचाते हैं, उनके लिए लोकतांत्रिक व्यवस्था में कोई जगह नहीं हो सकती।
गृहमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि सरकार ने हथियार छोड़ने वालों के लिए विचारों की अभिव्यक्ति की पूरी स्वतंत्रता दी है। जो भी मुख्यधारा में लौटना चाहता है, उसके लिए दरवाजे खुले हैं, लेकिन हिंसा और भय के रास्ते पर चलने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने देश से नक्सलवाद खत्म करने का जो संकल्प लिया है, उसे पूरी दृढ़ता के साथ लागू किया जा रहा है। उन्होंने विश्वास जताया कि 31 मार्च 2026 तक छत्तीसगढ़ से नक्सलवाद पूरी तरह समाप्त कर दिया जाएगा।
गृहमंत्री ने कहा कि आज जब देश से नक्सलवाद खत्म होने की दिशा में तेजी से काम हो रहा है, तब जवानों के चेहरों पर भी नई चमक देखने को मिल रही है। बस्तर अब भय नहीं बल्कि विकास की पहचान बन रहा है।
सड़कों, स्कूलों, अस्पतालों और संचार सुविधाओं का विस्तार तेजी से हो रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार विकास विरोधी शक्तियों को जड़ से खत्म करने के लिए पूरी ताकत से काम कर रही है।
अंबिकापुर में आयोजित कार्यक्रम में विजय शर्मा ने कहा कि बस्तर अब देश-दुनिया में अपनी अलग पहचान बना रहा है। पहले जो नक्सली स्कूलों को बम से उड़ाते थे और जंगलों में हथियार लेकर घूमते थे, वे अब या तो मुख्यधारा में लौट रहे हैं या समाप्त हो रहे हैं।
इस अवसर पर सरगुजा संभाग आयुक्त नरेंद्र दुग्गा, आईजी, कलेक्टर अजीत वंसत, डीआईजी राजेश अग्रवाल सहित पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
गृहमंत्री ने पीजी कॉलेज मैदान में ध्वजारोहण कर परेड की सलामी ली और मुख्यमंत्री के संदेश का वाचन किया। कार्यक्रम में स्कूल-कॉलेज के विद्यार्थियों ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं, जिसमें उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्रों को सम्मानित किया गया।
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