वार्षिक आमसभा में बजट से लेकर ऑडिट तक हुई चर्चा, वित्तीय वर्ष 2026-27 के प्रस्ताव सर्वसम्मति से अनुमोदित
गरियाबंद/फिंगेश्वर (गंगा प्रकाश)। प्राथमिक कृषि साख सहकारी समिति चरौदा पंजीयन क्रमांक 1142 की वार्षिक आमसभा समिति कार्यालय भवन में आयोजित की गई। बैठक में वित्तीय मामलों से जुड़े कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर सदस्यों ने विचार-विमर्श किया। वित्तीय वर्ष 2025-26 के वित्तीय पत्रकों के पठन, अवलोकन एवं अनुमोदन के साथ वर्ष 2026-27 के अनुमानित बजट एवं लेखा पत्रों की स्वीकृति संबंधी प्रस्तावों को मंजूरी दी गई।
आमसभा में सहकारिता समिति के संचालन और वित्तीय व्यवस्था से जुड़े विभिन्न विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। प्राधिकृत अधिकारी इतवारी सिन्हा ने बताया कि बैठक में समिति के हित से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों को सदस्यों के समक्ष रखा गया तथा निर्धारित प्रक्रिया के तहत प्रस्तावों पर विचार किया गया।

ऑडिट को लेकर भी हुई अहम चर्चा
बैठक में वर्ष 2026-27 के लेखाओं की सांविधिक संपरीक्षा के लिए संपरीक्षक अथवा संपरीक्षक फर्म की नियुक्ति के संबंध में भी विचार-विमर्श किया गया। समिति के वित्तीय कामकाज की निर्धारित प्रक्रिया के तहत संपरीक्षा को लेकर सदस्यों के समक्ष विषय रखा गया।
👉 जरूर पढ़ें: मतदाता सूची के सवालों से गरमाई सियासत, अब एफआईआर की मांग
इसके अलावा वर्ष 2024-25 के ऑडिट आक्षेपों एवं सुझावों के निराकरण और अनुमोदन का मुद्दा भी आमसभा में रखा गया। इस संबंध में प्रबंधकारिणी समिति की बैठक में पारित प्रस्ताव को सदस्यों ने सर्वसम्मति से मंजूरी प्रदान की।

अंशधारी सदस्यों की रही सहभागिता
समिति प्रबंधन की ओर से सभी अंशधारी सदस्यों को आमसभा में उपस्थित होने के लिए विशेष आमंत्रण सूचना भेजी गई थी। बैठक में सदस्यों की मौजूदगी में वित्तीय पत्रकों, बजट और ऑडिट से जुड़े विषयों पर चर्चा की गई। प्राधिकृत अधिकारी की अनुमति से अन्य विषयों पर भी विचार-विमर्श किया गया।
👉 जरूर पढ़ें: बारिश ने खोली जमीनी हकीकत, खेत से आश्रम तक पहुंचे कलेक्टर… कहीं बाढ़ का पानी तो कहीं हाथियों का खतरा
आमसभा में सभापति हरख निर्मलकर, विशिष्ट अतिथि भोज राम साहू, प्राधिकृत अध्यक्ष इतवारी सिन्हा सहित रेवा राम, नारायण ध्रुव, तोरण साहू, भागवत सिन्हा, हेमन, संतु, तीजऊ, रूपेंद्र, रविन्द्र, सोमनाथ एवं कमता सहित समिति के अंशधारी सदस्य उपस्थित रहे।
बैठक में वित्तीय वर्ष की समीक्षा के साथ आगामी वर्ष के बजट और लेखा व्यवस्था को लेकर लिए गए निर्णयों को समिति के आगामी कामकाज के लिए महत्वपूर्ण माना गया। आमसभा के दौरान प्रस्तावों पर सदस्यों की सहमति से समिति की वित्तीय एवं प्रशासनिक प्रक्रिया को आगे बढ़ाने की दिशा में निर्णय लिए गए।





