गोल्ड मेडल से लेकर मुख्यमंत्री के हाथों सम्मान तक का सफर, ‘सेवा संकल्प कॉन्क्लेव’ में मिली उपलब्धियों को नई पहचान
रायपुर (गंगा प्रकाश)। योग एवं शिक्षा के क्षेत्र में अपने समर्पण, अध्ययन और सामाजिक योगदान के दम पर मोनिका सिन्हा ने एक नई पहचान स्थापित की है। एशियन न्यूज़ द्वारा आयोजित ‘सेवा संकल्प कॉन्क्लेव’ में छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के करकमलों से उन्हें सम्मानित किया गया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने उन्हें सम्मान एवं स्मृति-चिह्न प्रदान किया। योग और शिक्षा के क्षेत्र में उनकी उपलब्धियों को मिली यह पहचान उनके लिए गौरवपूर्ण क्षण रहा।
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लेखराम सिन्हा की सुपुत्री मोनिका सिन्हा वर्तमान में आई.एस.बी.एम. विश्वविद्यालय में एम.एससी. योगा एंड नेचरोपैथी की छात्रा हैं। इससे पूर्व वे पीजी डिप्लोमा इन योगा एंड नेचरोपैथी में गोल्ड मेडल प्राप्त कर चुकी हैं। उनकी यह शैक्षणिक उपलब्धि योग के प्रति उनकी गहरी रुचि, निरंतर मेहनत और अध्ययनशीलता को दर्शाती है।

मोनिका सिन्हा योग एवं शिक्षा के माध्यम से समाज में स्वास्थ्य, अनुशासन और सकारात्मक जीवनशैली के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से कार्य कर रही हैं। उनका मानना है कि योग महज आसन और प्राणायाम तक सीमित नहीं, बल्कि शारीरिक, मानसिक और आत्मिक संतुलन की दिशा में एक प्रभावी माध्यम है। वे योग के ज्ञान को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करने का प्रयास कर रही हैं।
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उनका कहना है कि शिक्षा का वास्तविक उद्देश्य केवल व्यक्तिगत सफलता हासिल करना नहीं, बल्कि अर्जित ज्ञान से समाज में सकारात्मक बदलाव लाना भी है। सम्मान प्राप्त करने पर मोनिका सिन्हा ने सुबोध सिंघानिया जी एवं मिनाली सिंघानिया मैम के प्रति विशेष आभार व्यक्त करते हुए हृदय से धन्यवाद दिया।

मोनिका के लिए यह सम्मान महज एक उपलब्धि नहीं, बल्कि योग एवं शिक्षा के क्षेत्र में और अधिक निष्ठा, समर्पण तथा जिम्मेदारी के साथ कार्य करते रहने की प्रेरणा है। उनकी यह उपलब्धि उन युवाओं के लिए भी प्रेरणास्रोत है, जो ज्ञान और सेवा के माध्यम से समाज में अपनी सार्थक भूमिका निभाना चाहते हैं।





