मुंबई। बॉलीवुड के इतिहास में अगर सबसे यादगार विलेन की बात की जाए तो “मोगैंबो खुश हुआ” डायलॉग के बिना चर्चा अधूरी रहती है। साल 1987 में आई फिल्म ‘मिस्टर इंडिया’ में अमरीश पुरी ने मोगैंबो का जो किरदार निभाया था, वह आज भी दर्शकों के दिलों में जिंदा है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि इस आइकॉनिक लुक को तैयार करने में सिर्फ 7 दिन लगे थे, और इस पर उस वक्त लाखों रुपये खर्च किए गए थे?
सात दिन में तैयार हुआ था लुक
फिल्म के कॉस्टयूम डिज़ाइनर अभय सिंह ने बताया था कि अमरीश पुरी का मोगैंबो लुक तैयार करने में दिन-रात मेहनत की गई थी। पूरी टीम ने लगातार सात दिन तक काम कर इस लुक को फाइनल किया।
विदेशी फैब्रिक से बना था कॉस्टयूम
मोगैंबो की यूनिफॉर्म के लिए खास फैब्रिक लंदन से मंगवाया गया था। इसमें सुनहरे रंग की जरी, मेटल स्ट्रिप्स और लेदर बेल्ट्स का इस्तेमाल किया गया, जिससे किरदार शाही और डरावना दोनों लगे।
उस दौर में लाखों की लागत
फिल्म ‘मिस्टर इंडिया’ के समय मोगैंबो का पूरा कॉस्टयूम बनाने में करीब 2 लाख रुपये की लागत आई थी — जो आज के हिसाब से करीब 20 लाख रुपये के बराबर है। यह उस दौर के लिए बेहद बड़ी रकम मानी जाती थी।
डायरेक्टर शेखर कपूर की खास सोच
शेखर कपूर चाहते थे कि मोगैंबो का लुक किसी सैन्य कमांडर की तरह लगे लेकिन साथ ही उसमें एक रहस्यमय आभा भी हो। इसी वजह से कॉस्टयूम में सोने और काले रंग का मिश्रण रखा गया।
अमरीश पुरी की गहरी तैयारी
अमरीश पुरी ने सिर्फ कॉस्टयूम पर नहीं, बल्कि आवाज़ और एक्सप्रेशन पर भी खूब मेहनत की थी। उन्होंने मिरर एक्सरसाइज कर “मोगैंबो खुश हुआ” जैसे डायलॉग को परफेक्ट किया।
आज भी बॉलीवुड का सबसे आइकॉनिक विलेन
‘मोगैंबो’ का किरदार आज भी भारतीय सिनेमा के सबसे यादगार नेगेटिव रोल्स में से एक माना जाता है। कई फिल्ममेकर्स आज भी इस लुक से प्रेरणा लेते हैं।
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