आत्मानंद स्कूल और कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय छुरा में जागरूकता कार्यक्रम, कानून, सुरक्षा और डिजिटल सतर्कता पर विशेष जोर
छुरा (गंगा प्रकाश)। शाला प्रवेश उत्सव के अवसर पर छुरा के शैक्षणिक संस्थानों में विद्यार्थियों का स्वागत केवल पाठ्य पुस्तकों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि उन्हें सुरक्षित, जागरूक और जिम्मेदार नागरिक बनाने की दिशा में भी महत्वपूर्ण पहल की गई। आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालय छुरा एवं शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय छुरा में आयोजित विशेष जागरूकता कार्यक्रमों में विद्यार्थियों को साइबर अपराध, ऑनलाइन ठगी, नशामुक्ति, महिला सुरक्षा, पॉक्सो अधिनियम, यातायात नियमों तथा पुलिस विभाग द्वारा संचालित समाधान एवं अभिव्यक्ति ऐप की विस्तृत जानकारी दी गई।
कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने कहा कि वर्तमान समय में तकनीक जितनी तेजी से लोगों के जीवन को आसान बना रही है, उतनी ही तेजी से साइबर अपराधियों के नए-नए तरीके भी सामने आ रहे हैं। मोबाइल फोन, सोशल मीडिया और इंटरनेट का उपयोग करने वाले बच्चों और युवाओं को विशेष रूप से सतर्क रहने की आवश्यकता है। विद्यार्थियों को बताया गया कि किसी भी अज्ञात व्यक्ति के फोन कॉल, लिंक, मैसेज या ओटीपी साझा करने जैसी गलती उन्हें ऑनलाइन ठगी का शिकार बना सकती है।
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नशे से दूर रहने का संदेश
जागरूकता कार्यक्रम में नशामुक्ति अभियान पर विशेष जोर दिया गया। विद्यार्थियों को बताया गया कि नशा न केवल स्वास्थ्य को नुकसान पहुंचाता है, बल्कि व्यक्ति के भविष्य, परिवार और समाज पर भी गंभीर प्रभाव डालता है। युवाओं से नशे जैसी बुराइयों से दूर रहकर शिक्षा, खेल और रचनात्मक गतिविधियों में भाग लेने का आह्वान किया गया।
महिला सुरक्षा और पॉक्सो कानून की दी जानकारी
कार्यक्रम में छात्राओं एवं विद्यार्थियों को महिला अपराधों, बाल संरक्षण कानूनों और पॉक्सो अधिनियम के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। गुड टच और बैड टच की पहचान, किसी भी प्रकार की अनुचित हरकत की शिकायत करने के अधिकार तथा सहायता प्राप्त करने की प्रक्रिया समझाई गई। विद्यार्थियों को बताया गया कि कानून उनकी सुरक्षा के लिए है और किसी भी घटना को छिपाने के बजाय तत्काल जानकारी देना आवश्यक है।
ट्रैफिक नियमों के पालन का संदेश
यातायात नियमों पर चर्चा करते हुए विद्यार्थियों को सड़क सुरक्षा के महत्व से अवगत कराया गया। हेलमेट पहनने, सीट बेल्ट लगाने, नाबालिग अवस्था में वाहन नहीं चलाने और यातायात संकेतों का पालन करने की सीख दी गई। वक्ताओं ने कहा कि छोटी सी लापरवाही भी बड़ी दुर्घटना का कारण बन सकती है।
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समाधान और अभिव्यक्ति ऐप की उपयोगिता समझाई
कार्यक्रम में पुलिस विभाग द्वारा संचालित समाधान एवं अभिव्यक्ति ऐप की जानकारी देते हुए बताया गया कि नागरिक अपनी समस्याओं, शिकायतों और सुरक्षा संबंधी मामलों की जानकारी इन प्लेटफार्मों के माध्यम से आसानी से संबंधित विभाग तक पहुंचा सकते हैं। विद्यार्थियों को इन ऐप्स के उपयोग और उनकी विशेषताओं से भी अवगत कराया गया।
जागरूकता से सुरक्षित भविष्य की ओर कदम
शाला प्रवेश उत्सव के दौरान आयोजित इन कार्यक्रमों में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और विभिन्न विषयों पर जानकारी प्राप्त की। शिक्षा के साथ-साथ सुरक्षा, कानून और सामाजिक जिम्मेदारियों के प्रति जागरूकता बढ़ाने की यह पहल विद्यार्थियों के लिए अत्यंत उपयोगी साबित हुई।
शिक्षकों एवं उपस्थित अधिकारियों ने कहा कि आज के दौर में केवल किताबों का ज्ञान ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि डिजिटल सुरक्षा, सामाजिक जागरूकता और कानूनी जानकारी भी विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए आवश्यक है। इसी उद्देश्य को लेकर शाला प्रवेश उत्सव के मंच से विद्यार्थियों को जागरूक नागरिक बनने का संदेश दिया गया।
