मृतक की पत्नी का आरोप— शिकायत में दो नाम, एफआईआर में एक गायब; एसपी से लगाई न्याय की गुहार
सक्ती (गंगा प्रकाश)। करंट लगने से एक ग्रामीण की मौत का मामला अब नया मोड़ लेता नजर आ रहा है। इस बार सवाल हादसे से ज्यादा पुलिस की कार्रवाई पर उठ रहे हैं। मृतक की पत्नी ने हसौद थाना पुलिस पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि उसकी शिकायत में जिन दो लोगों के नाम दर्ज थे, उनमें से एक का नाम एफआईआर दर्ज करते समय हटा दिया गया। पीड़िता ने इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग करते हुए पुलिस अधीक्षक सक्ती को लिखित आवेदन सौंपा है।

मिली जानकारी के अनुसार, ग्राम पंचायत जमड़ी निवासी फुलेश्वरी साहू के पति स्वर्गीय गजानंद साहू की 17 मई 2026 को करंट लगने से मौत हो गई थी। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि गांव के कार्तिक राम साहू के खेत में लगाए गए जीआई तार में विद्युत प्रवाहित होने के कारण गजानंद साहू उसकी चपेट में आ गए और उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
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घटना के बाद फुलेश्वरी साहू ने हसौद थाना पहुंचकर कार्तिक राम साहू और उसके पुत्र किशन साहू दोनों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। लेकिन जब पुलिस ने अपराध दर्ज किया तो एफआईआर में केवल एक नाम शामिल किया गया, जबकि दूसरे व्यक्ति का नाम हटा दिया गया। यही बात अब विवाद का कारण बन गई है।

पीड़िता का कहना है कि यदि उसकी शिकायत में दोनों व्यक्तियों की भूमिका का उल्लेख था तो फिर बिना स्पष्ट कारण बताए एक नाम को एफआईआर से बाहर क्यों रखा गया। उन्होंने आरोप लगाया कि इससे जांच की निष्पक्षता पर सवाल खड़े होते हैं और पूरे मामले की स्वतंत्र जांच आवश्यक है।
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एसपी को दिए आवेदन में फुलेश्वरी साहू ने मांग की है कि एफआईआर से नाम हटाए जाने के कारणों की जांच कराई जाए तथा यदि जांच में किसी की लापरवाही या संलिप्तता सामने आती है तो उसके खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाए।

अब यह मामला पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंच चुका है। ऐसे में निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि क्या शिकायत के आधार पर मामले की दोबारा जांच होगी और क्या एफआईआर से नाम हटाए जाने के आरोपों की निष्पक्ष पड़ताल कराई जाएगी। फिलहाल पीड़ित परिवार न्याय की उम्मीद में प्रशासन की ओर देख रहा है।




