रायपुर : राजधानी रायपुर में पत्रकारों के साथ हुई मारपीट की घटना के बाद पुलिस ने सख्त रुख अपनाते हुए आरोपियों को न सिर्फ गिरफ्तार किया, बल्कि उन्हें सार्वजनिक रूप से शर्मसार भी किया। सोमवार को पुलिस ने चार बाउंसरों को गिरफ्तार कर उनका सिर मुंडवाकर शहर में जुलूस निकाला। ये वही बाउंसर हैं, जिन्होंने रविवार देर रात अंबेडकर अस्पताल में रिपोर्टिंग करने पहुंचे मीडियाकर्मियों के साथ हाथापाई की थी। जानकारी के अनुसार, पत्रकार एक चाकूबाजी की घटना में घायल व्यक्ति से संबंधित खबर कवर करने अंबेडकर अस्पताल पहुंचे थे। इसी दौरान अस्पताल में तैनात निजी बाउंसरों ने पत्रकारों को खबर बनाने से रोका और उनके साथ मारपीट शुरू कर दी। घटना के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होते ही प्रदेशभर में रोष फैल गया।
स्वास्थ्य मंत्री ने दी सख्त चेतावनी
इस गंभीर मामले पर छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने कहा कि जो भी लोग पत्रकारों को धमकाने और मारने की कोशिश करेंगे, उन्हें मिट्टी में मिला दिया जाएगा। मंत्री का यह बयान साफ संकेत है कि राज्य सरकार पत्रकारों की सुरक्षा को लेकर गंभीर है। अंबेडकर अस्पताल के अधीक्षक डॉ. संतोष सोनकर ने इस मामले को लेकर कहा कि अस्पताल परिसर में पत्रकारों के साथ जो व्यवहार हुआ, वह निंदनीय है। उन्होंने आश्वासन दिया कि संबंधित बाउंसर एजेंसी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं में सुरक्षा व्यवस्था के नाम पर गुंडागर्दी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।



